अलीगढ़/ लखनऊ। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने कहा है कि भारतीय जनता पार्टी लोकतंत्र की राह छोड़कर तानाशाही के रास्ते पर चल रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश की कानून-व्यवस्था पूरी तरह ध्वस्त हो चुकी है और सरकार संविधान के खिलाफ काम कर रही है।
शुक्रवार को अलीगढ़ में एक कार्यक्रम में शामिल होने के बाद मीडिया से बातचीत करते हुए अखिलेश यादव ने कहा कि भाजपा वही रास्ता अपना रही है जिस पर कभी हिटलर चला था।
उन्होंने कहा, “हिटलर ने अपने राजनीतिक कार्यकर्ताओं को पुलिस की वर्दी पहनाकर ट्रूपर्स बनाए थे, और वही उनसे करवाता था जो वह चाहता था। आज उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री ने भी अपनी सेनाएं खड़ी कर ली हैं, जो सरकार के इशारे पर काम कर रही हैं।”
अखिलेश यादव ने राज्यसभा में समाजवादी पार्टी के सांसद रामजी लाल सुमन द्वारा कही गई बात को सदन की कार्यवाही से हटाए जाने पर टिप्पणी करते हुए कहा कि “जब कोई बात रिकॉर्ड से हटा दी जाती है, तो उसे समाप्त मान लिया जाता है। लेकिन भाजपा का भरोसा लोकतंत्र पर नहीं, बल्कि तानाशाही पर है।”
देश के सामाजिक तानेबाने को लेकर उन्होंने कहा कि भारत विभिन्न जातियों और धर्मों का देश है। “जितना हम एक-दूसरे को समझेंगे, गले मिलेंगे और साथ में त्योहार मनाएंगे, हमारा समाज उतना ही मजबूत और देश उतना ही तरक्की करेगा।”भाजपा सरकार की कार्यशैली पर तीखा हमला बोलते हुए समाजवादी प्रमुख ने कहा कि भाजपा ने प्रदेश की कानून व्यवस्था को चौपट कर दिया है।
उन्होंने कहा कि “हर जिले में महिलाओं के साथ अपराध की घटनाएं हो रही हैं। बेटियां असुरक्षित हैं और सरकार का ‘जीरो टॉलरेंस’ का दावा झूठा है। बीएचयू में एक बेटी के साथ दुष्कर्म हुआ और आरोपियों के भाजपा से जुड़े होने के बावजूद कोई कठोर कार्रवाई नहीं हुई। भाजपा हर मोर्चे पर विफल हो चुकी है।”
उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि भाजपा जनता का ध्यान महंगाई, बेरोजगारी, बिजली संकट और कानून व्यवस्था जैसे बुनियादी मुद्दों से हटाने के लिए भटकाने वाली रणनीति अपनाती है।
अखिलेश यादव ने आगे कहा कि सरकार में हर स्तर पर भेदभाव हो रहा है। “गरीबों के साथ अन्याय हो रहा है। विपक्ष को दबाने के लिए झूठे मुकदमे दर्ज किए जा रहे हैं। समाजवादी पार्टी संविधान और लोकतंत्र को बचाने की लड़ाई लड़ रही है। भाजपा संविधान विरोधी गतिविधियों में लिप्त है और बाबा साहब के बनाए संविधान को कमजोर कर रही है।”
उन्होंने व्यापार और जीएसटी को लेकर कहा कि भाजपा सरकार की नीतियों ने व्यापारियों और कारोबारियों को बर्बादी की कगार पर पहुंचा दिया है। “जीएसटी ने महंगाई को बढ़ा दिया है, किसानों और नौजवानों की तकलीफें और गहरी हो गई हैं।”इस मौके पर समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव शिवपाल सिंह यादव भी उपस्थित रहे।
