लखनऊ। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने भाजपा सरकार पर वादाखिलाफी और भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि जनता अब दस साल का हिसाब मांग रही है। उन्होंने तंज करते हुए कहा कि भाजपा को “विजन” नहीं बल्कि “रीजन डॉक्यूमेंट” जारी कर यह बताना चाहिए कि किस वजह से वह अपने एक भी वादे को पूरा नहीं कर पाई।
अखिलेश यादव ने कहा कि नौ साल में भाजपा सरकार कानून-व्यवस्था, बाढ़ नियंत्रण, शिक्षा, स्वास्थ्य और विकास के हर मोर्चे पर असफल रही है। महंगाई, बेरोजगारी और भ्रष्टाचार के सभी रिकॉर्ड टूट चुके हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा की नफरत और भेदभाव की राजनीति से जनता में गहरा आक्रोश है और प्रदेश का माहौल पूरी तरह भाजपा के खिलाफ हो चुका है।
उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार के पास न जनता के लिए कोई ठोस योजना है, न बुनियादी सुविधाएं देने का संकल्प। नौ साल में एक भी नया बिजलीघर नहीं बना, सड़कों के गड्ढे नहीं भरे गए, बाढ़ से बचाने के लिए बांध नहीं बनाए गए और स्वास्थ्य सेवाओं का हाल बेहद खराब हो गया। जिला स्तर पर कोई नया अस्पताल नहीं बना, मेडिकल कॉलेजों में डॉक्टर, पैरामेडिकल स्टाफ और उपकरणों की भारी कमी है।
अखिलेश यादव ने कहा कि भाजपा सरकार ने शिक्षा को भी नुकसान पहुंचाया, स्कूल बंद किए और गरीबों को पढ़ाई से दूर करने का षड्यंत्र रचा। सरकारी संस्थाओं को निजी हाथों में बेचा जा रहा है, रोजगार खत्म हो रहे हैं, किसानों को समय पर खाद, बीज और पानी नहीं मिल पा रहा है, मंडियों की व्यवस्था ध्वस्त कर दी गई है और किसानों की आय दोगुनी करने का वादा भी पूरा नहीं हुआ।पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि भाजपा का असली “विजन” भ्रष्टाचार, लूट, नफरत और भेदभाव है।
उन्होंने दावा किया कि 2012 से 2017 के बीच समाजवादी सरकार ने उत्तर प्रदेश के विकास के लिए बड़े कार्य किए — एक्सप्रेस-वे, मेट्रो रेल, आईटी सिटी, आधुनिक पुलिस सेवा, किसानों के लिए मंडियां, अंतरराष्ट्रीय स्तर के खेल स्टेडियम, लैपटॉप वितरण, समाजवादी पेंशन, कन्याधन योजना, बिजलीघर, रिवरफ्रंट और पार्कों का विकास।अखिलेश यादव ने कहा कि भाजपा सरकार ने नौ साल में इन उपलब्धियों को बर्बाद कर दिया और जनता अब उनके वादों की पोल खोल चुकी है।
