•साक्ष्यों को सुरक्षित रखने के लिए ई-साक्ष्य एप पर किया जा रहा काम
•विवेचना करने वाले निरीक्षक और उपनिरीक्षक अनिवार्य रूप से लेंगे प्रशिक्षण
बस्ती। आपराधिक घटना में मौका-ए-वारदात पर मिले साक्ष्य अहम होते हैं। किसी भी वारदात के बाद क्राइम सीन से मिले महत्वपूर्ण तथ्यों को ई-साक्ष्य एप के जरिए सुरक्षित रखा जा सकेगा। इस एप को इस्तेमाल करने का तरीका जनपद के सभी विवेचकों व पुलिस को सिखाया जाएगा। मौके पर मिले अहम साक्ष्यों को पेन ड्राइव, सीडी, डीवीडी के माध्यम से पुलिस को कोर्ट में पेश करना होता था। भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस) लागू होने के बाद गिरफ्तारी, छापेमारी, तलाशी और सीज की कार्रवाई में वीडियोग्राफी अनिवार्य है। इन साक्ष्यों को सुरक्षित रखने के लिए पुलिस की ओर ई-साक्ष्य एप का इस्तेमाल अनिवार्य रूप से किया जाना है। विवेचना करने वाले निरीक्षक और उपनिरीक्षक को ई-साक्ष्य एप में साक्ष्य सुरक्षित करने का प्रशिक्षण दिया जाना है। अपराध होने पर घटनास्थल की फोटो और वीडियोग्राफी की जाती है। तलाशी और सीजर की कार्रवाई के दौरान की वीडियोग्राफी को साक्ष्य में शामिल किया जाता है। सभी लिखापढ़ी के दस्तावेज तैयार होते हैं। इन साक्ष्यों को सुरक्षित रखने के लिए ई-साक्ष्य एप पर काम किया जा रहा है।
विवेचना व अदालत में ट्रायल के दौरान मिलेगा लाभ
सात वर्ष से अधिक सजा के मुकदमों के साक्ष्य ई-साक्ष्य एप पर अनिवार्य रूप से सुरक्षित किए जा रहे हैं। आगे अन्य मुकदमों को भी शामिल किया जाएगा। हर विवेचक की अपनी लागिन आईडी बनाई जा रही है। विवेचक मुकदमा संख्या दर्ज कर डिजिटल और दस्तावेज साक्ष्य अपलोड कर फाइल सुरक्षित रखेंगे। फोरेंसिक साइंस लैब (एफएसएल) भी जोड़ा जाएगा। हार्डकापी के किसी कारण खराब हो जाने या न होने पर मोबाइल पर ई-साक्ष्य एप पर साक्ष्य देखे जा सकेंगे। इनके खराब होने का झंझट भी खत्म हो जाएगा। विवेचना और न्यायालय में सुनवाई के समय इसका लाभ मिलेगा।
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ई-साक्ष्य एप एक डिजिटल प्लेटफार्म है। पुलिस और न्यायपालिका को आपराधिक मामलों में साक्ष्य संग्रह, प्रबंधन और प्रस्तुति में मदद करता है। यह एप पुलिस को साक्ष्य को डिजिटल रूप में संग्रहीत करने, प्रबंधित करने और अदालत में प्रस्तुत करने में मदद करता है। साक्ष्य को डिजिटल रूप में संग्रहीत करने से उन्हें अधिक सुरक्षित और पारदर्शी बनाया जाएगा। इसके जरिए साक्ष्य को सुरक्षित और गोपनीय बनाए रखने में मदद मिलेगी। विवेचना के दौरान समय की भी बचत होगी। प्रमाणिकता की जांच की जा सकेगी। इसके अनिवार्य रूप से सभी विवेचकों को आनलाइन प्रशिक्षण दिलाया जाएगा।
: अभिनन्दन, पुलिस अधीक्षक, बस्ती
ई -सक्ष्य ऐप राष्ट्रीय सूचना विज्ञान केन्द्र (एनआईसी) द्वारा विकसित एक मोबाइल एप्लीकेशन है, जो आपराधिक मामलों में साक्ष्यों को रिकार्ड करने और प्रबंधित करने में पुलिस की सहायता करता है।यह ऐप भारत की आपराधिक न्याय प्रणाली में व्यापक डिजिटल परिवर्तन का हिस्सा है, जो नए आपराधिक कानूनों के कार्यान्वयन के साथ मेल खाता है।
