बस्ती। दुबौलिया विकास खंड अंतर्गत ग्राम पंचायत पिठिया लश्करी के प्रधान राम उजागिर यादव एवं सचिव द्वारा कराए गए विकास कार्यों में अनियमितताएं पाई गई हैं। यह खुलासा जिला लेखा परीक्षा अधिकारी (सहकारी समितियां) अनिल कुमार सिंह और लोक निर्माण विभाग के अवर अभियंता श्रीकांत वर्मा की जांच रिपोर्ट में हुआ है।
जांच में यह सामने आया कि ग्राम प्रधान ने शासनादेश की अवहेलना करते हुए अपनी पुत्री की फर्म “उमा ट्रेडिंग कम्पनी” को मनरेगा, राज्य वित्त और पंद्रहवें वित्त आयोग की धनराशि का फर्जी भुगतान किया। रिपोर्ट के अनुसार, बिना किसी कार्य के फर्म को धनराशि जारी कर गबन किया गया।
जांच टीम ने अपनी रिपोर्ट में जिला पंचायत राज अधिकारी से सिफारिश की है कि ग्राम प्रधान और सचिव से गबन की गई धनराशि की वसूली कर कठोर कार्रवाई की जाए।
उक्त मामले को उजागर करने वाले पिठिया लश्करी निवासी सुशील कुमार पुत्र राम लुटावन ने सूचना का अधिकार अधिनियम के तहत विकास कार्यों का विवरण मांगा था। जवाब में उन्हें जांच रिपोर्ट की प्रति प्राप्त हुई।
सुशील कुमार का कहना है कि रिपोर्ट में कई गंभीर अनियमितताओं का जिक्र है। उन्होंने मांग की है कि दोषियों पर कानूनी कार्रवाई करते हुए गबन की गई रकम की रिकवरी सुनिश्चित की जाए।
