•प्रेमिका की हत्या के बाद उसकी मां को भी मारने की थी योजना, घटना के बाद खुदकुशी करने का बनाया था इरादा।
बस्ती। जिले के चर्चित अनुष्का हत्याकांड में पुलिस ने मुख्य आरोपित मंदीप पासवान को संक्षिप्त मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया है। पूछताछ के दौरान आरोपित ने जो खुलासे किए, उन्हें सुनकर पुलिस और स्थानीय लोगों के रोंगटे खड़े हो गए। उसने न केवल किशोरी की हत्या की बात कबूल की, बल्कि यह भी बताया कि उसके निशाने पर मृतका की मां भी थी।
पुलिस पूछताछ में बैड़ारी एहतमाली निवासी मंदीप पासवान ने बताया कि वह किशोरी से प्रेम करता था, लेकिन रिश्तों में खटास आने और स्वजनों के विरोध के कारण दोनों के बीच विवाद बढ़ गया। इस बीच उसने प्रेमिका का अश्लील वीडियो प्रसारित कर दिया, जिसके बाद मृतका की मां अनीता देवी ने कलवारी थाने में उसके खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया। बाद में अदालत में पीड़िता का धारा 164 के तहत बयान दर्ज हुआ और मामले में दुष्कर्म की धारा भी बढ़ा दी गई।
मुकदमा दर्ज होने के बाद मंदीप पंजाब भाग गया था। करीब तीन महीने बाद होली के अवसर पर वह वापस आया और पहले अपने जीजा के घर बसखारी (अंबेडकरनगर) पहुंचा। यहां से उसने सुनियोजित तरीके से अपने गांव के ही सहयोगी विवेक के साथ मिलकर हत्या की साजिश रची। इसके बाद 2/3 फरवरी की रात करीब 12:55 बजे वह किशोरी के घर में घुस गया और गोली मारकर अनुष्का की हत्या कर दी।
मां की हत्या की भी थी योजना
पूछताछ में आरोपित ने बताया कि वह किशोरी की मां को इस पूरे मामले में सबसे बड़ा बाधक मानता था। उसे लगता था कि उसी के कारण दोनों के बीच अलगाव हुआ और मुकदमा दर्ज हुआ। इसलिए उसने अनुष्का की हत्या के बाद अनीता देवी की हत्या की भी पूरी योजना बना ली थी।
मारकर खुद मर जाने का बनाया था इरादा
मंदीप ने पुलिस को बताया कि वह मानसिक रूप से पूरी तरह टूट चुका था और “डेथ विश” की स्थिति में था। उसने कहा कि प्रेमिका और उसकी मां को खत्म करने के बाद उसके पास जीने की कोई वजह नहीं बचती, इसलिए वह खुद को भी गोली मारने वाला था।
गिरफ्तारी से बचने के लिए बदलता रहा ठिकाने
पुलिस अधीक्षक डॉ. यशवीर सिंह के अनुसार आरोपित बेहद शातिर और सनकी प्रवृत्ति का है। वह गिरफ्तारी से बचने के लिए लगातार तीन दिनों तक ठिकाने बदलता रहा। घटना के बाद से उसने मोबाइल का इस्तेमाल भी बंद कर दिया था और अपना मोबाइल पंजाब में ही छोड़ आया था। वारदात को अंजाम देने के दौरान उसने दूसरे नंबर का उपयोग किया।
पुलिस अब मामले में अन्य साक्ष्य जुटाने में लगी है ताकि आरोपितों को कड़ी से कड़ी सजा दिलाई जा सके। एसपी के अनुसार समय रहते गिरफ्तारी होने से क्षेत्र में एक और संभावित बड़ी वारदात टल गई।
