•आगामी त्योहारों को लेकर बढ़ी पुलिस की संवेदनशीलता।
बस्ती। अपराध और अवैध गतिविधियों पर लगाम कसने के लिए पुलिस प्रशासन ने आपरेशन नाकाबंदी के तहत डिजिटल पहरेदारी की नई पहल शुरू कर दी है। यह अभियान पुलिस और खुफिया एजेंसियों के समन्वय से चलाया जा रहा है, जिसका उद्देश्य सीमावर्ती क्षेत्रों पर पूरी तरह से नजर रखना और अपराधियों के प्रवेश को रोकना है।
आपरेशन नाकाबंदी एक विशेष अभियान है, इसके तहत जनपद की सभी सीमाओं पर चेकिंग प्वाइंट्स बनाए गए हैं। इन स्थानों पर सीसी कैमरे, आटोमेटिक नंबर प्लेट रिकग्निशन सिस्टम और ड्रोन कैमरों की सहायता से आने-जाने वाले वाहनों और व्यक्तियों पर नजर रखी जा रही है। इसके लिए सभी एंट्री पाइंट पर आधुनिक सीसी कैमरे लग रहे हैं। इनके जरिये सीमा की चौकसी की जाएगी। यह कैमरे सीसीटीएनएस के कंट्रोल रूम के अलावा एसपी के मोबाइल फोन से भी जुड़े रहेंगे।
आगामी त्योहार गणेश पूजा, वारावफात की संवेदनशीलता को देखते हुए जिले की सुरक्षा व्यवस्था लगातार हाइटेक की जा रही है। इसके अगले क्रम में जिले की सीमाओं पर चौकसी बढ़ाई जा रही है। इसके लिए 130 नाके चिह्नित किए गए हैं, जिनमें 80 प्रतिशत नाकों पर कैमरे लग चुके हैं। कंट्रोल रूम में बैठे-बैठे सीमाओं की निगरानी डिजिटल शुरू हो गई है। आनलाइन सक्रिय रहने वाले इन कैमरों से चेहरा और वाहनों के नंबर प्लेट पहचानने तक की व्यवस्था की गई है। इस अभियान से न केवल अपराधियों की आवाजाही पर रोक लगेगी, बल्कि हथियारों, मादक पदार्थों और अवैध सामान की तस्करी पर भी अंकुश लगेगा।
आपरेशन नाकाबंदी जनपद को अपराधमुक्त बनाने की दिशा में एक अहम कदम है। डिजिटल संसाधनों के उपयोग से हमारी निगरानी क्षमता में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है। आने वाले दिनों में यह अभियान और सख्ती से लागू किया जाएगा। सीमा पर लग रहे यह कैमरे आईपी (इंटरनेट प्रोटोकाल) के तहत जुड़े रहेंगे। यह कैमरे डिजिटल रूप से फुटेज रिकार्ड करते हैं और इंटरनेट के जरिये जानकारी भेजते हैं। इनकी मदद से किसी भी संदिग्ध व्यक्ति को पल भर में ट्रेस करने में मदद मिलेगी। अपराध नियंत्रण में भी आसानी होगी।
:अभिनन्दन, पुलिस अधीक्षक, बस्ती
