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बस्ती। जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान बस्ती के विवेकानंद सभागार में सोमवार को जनपद स्तरीय मासिक अकादमिक समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में डायट प्राचार्य संजय कुमार शुक्ल एवं जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी बस्ती अनूप कुमार की उपस्थिति में समस्त खंड शिक्षा अधिकारी, राज्य संदर्भदाता समूह (SRG) सदस्य, डायट मेंटर तथा एकेडमिक रिसोर्स पर्सन (ARP) शामिल हुए।
बैठक का मुख्य उद्देश्य कक्षा 1 एवं 2 के विद्यार्थियों को भाषा एवं गणित में ग्रेड-लेवल दक्ष बनाना रहा। इस अवसर पर उपचारात्मक शिक्षण (रिमेडियल टीचिंग) की रूपरेखा पर विस्तार से चर्चा की गई। आकलन आधारित समूह निर्माण, दक्षता आधारित चेकलिस्ट, वन पेजर के प्रयोग, टीएलएम गतिविधियां तथा ब्लूम टैक्सोनॉमी आधारित उन्नत शिक्षण रणनीतियों पर विचार-विमर्श करते हुए प्रस्तुत रिमेडियल योजना की गहन समीक्षा की गई और उसके प्रभावी क्रियान्वयन पर जोर दिया गया।
डायट प्राचार्य संजय कुमार शुक्ल ने सहयोगात्मक पर्यवेक्षण के मानकों का कड़ाई से पालन करने के निर्देश देते हुए कहा कि विद्यालय भ्रमण के दौरान निर्धारित बिंदुओं को पर्यवेक्षक पंजिका में अनिवार्य रूप से दर्ज किया जाए। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि अगली बैठक में प्रत्येक विकासखंड द्वारा आंकड़ों के आधार पर प्रेजेंटेशन प्रस्तुत किया जाएगा, जिसके माध्यम से प्रगति की समीक्षा कर जिम्मेदारी तय की जाएगी।
जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी अनूप कुमार ने कहा कि सभी खंड शिक्षा अधिकारी नियमित रूप से पर्यवेक्षक पंजिका की समीक्षा करें तथा उसकी समेकित रिपोर्ट जनपद स्तर पर प्रस्तुत करना सुनिश्चित करें, जिससे निपुण लक्ष्य की प्राप्ति में सतत अनुश्रवण हो सके। उन्होंने आकलन आधारित लक्षित शिक्षण को प्रत्येक विद्यालय में प्रभावी रूप से लागू करने पर बल दिया।
डायट प्रवक्ता अलीउद्दीन ने सहयोगात्मक पर्यवेक्षण के संदर्भ में सांख्यिकीय आंकड़े प्रस्तुत कर समीक्षा की तथा प्रगति में सुधार हेतु कार्ययोजना सुझाई। बैठक का संचालन एसआरजी आशीष श्रीवास्तव ने किया। प्रारंभ में फ्री टेस्ट लिंक साझा कर सभी एकेडमिक रिसोर्स पर्सन से प्री-टेस्ट कराया गया और विद्यार्थियों की अपेक्षित दक्षताओं पर समूह चर्चा की गई।
बैठक में खंड शिक्षा अधिकारी ममता सिंह, अशोक कुमार, प्रभात श्रीवास्तव, बड़कऊ वर्मा, डायट प्रवक्ता डॉ. रविनाथ त्रिपाठी, शशि दर्शन त्रिपाठी, डीसी आलोक त्रिपाठी, एसआरजी अंगद पाण्डेय, निपुण सेल से कृतिका, अनिका, सरस्वती सहित जनपद के समस्त एआरपी एवं शिक्षकगण उपस्थित रहे।
अंत में सभी प्रतिभागियों ने अपने-अपने विद्यालयों में रिमेडियल योजना को प्रभावी ढंग से लागू कर प्रत्येक बच्चे को निपुण बनाने का संकल्प लिया।
