•स्मार्ट मीटर शिकायतों के त्वरित समाधान, निर्बाध आपूर्ति और क्षमता वृद्धि पर जोर
लखनऊ। प्रदेश में आगामी गर्मी के मौसम को देखते हुए विद्युत आपूर्ति को सुचारु बनाए रखने के लिए ए.के. शर्माने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए हैं। संगम सभागार में आयोजित समीक्षा बैठक में उन्होंने विद्युत व्यवस्था की तैयारियों का गहन मूल्यांकन किया।
बैठक में ए.के. शर्मा ने स्पष्ट कहा कि “सिस्टम में जनता सर्वोपरि है” और उपभोक्ताओं को बेहतर सेवा प्रदान करना ही विभाग का मुख्य उद्देश्य होना चाहिए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि उपभोक्ता हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए विद्युत संबंधी शिकायतों का त्वरित, पारदर्शी और संतोषजनक निस्तारण सुनिश्चित किया जाए।
स्मार्ट मीटर को लेकर विशेष निर्देश
ऊर्जा मंत्री ने स्मार्ट मीटर से जुड़ी समस्याओं पर चिंता व्यक्त करते हुए इनके समाधान के लिए प्रभावी रणनीति अपनाने को कहा। उन्होंने व्यापक जन-जागरूकता अभियान चलाने पर जोर देते हुए निर्देश दिया कि उपभोक्ताओं को स्मार्ट मीटर के उपयोग और लाभों की सही जानकारी दी जाए।
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि उपभोक्ताओं को समय-समय पर बैलेंस की जानकारी दी जाए और रात्रि में बैलेंस समाप्त होने पर बिजली कनेक्शन न काटा जाए। साथ ही अवकाश के दिनों में भी कनेक्शन विच्छेदन न करने के निर्देश दिए गए।
शिकायत निवारण के लिए विशेष काउंटर
मंत्री ने स्मार्ट मीटर से संबंधित शिकायतों के समाधान हेतु अलग से विशेष काउंटर स्थापित करने के निर्देश दिए, ताकि उपभोक्ताओं को एक ही स्थान पर शीघ्र समाधान मिल सके। शिकायत निवारण प्रणाली को अधिक पारदर्शी और जवाबदेह बनाने पर भी बल दिया गया।
क्षमता वृद्धि और निगरानी पर जोर
बैठक में ट्रांसफार्मर, फीडर और अन्य तकनीकी व्यवस्थाओं को सुदृढ़ करने के निर्देश दिए गए, ताकि बढ़ती मांग के बावजूद बिजली आपूर्ति बाधित न हो। फील्ड स्तर पर सतत मॉनिटरिंग और अधिकारियों की जवाबदेही तय करने पर विशेष जोर दिया गया।
ऊर्जा मंत्री ने चेतावनी दी कि किसी भी स्तर पर लापरवाही पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
बैठक में रहे प्रमुख अधिकारी मौजूद
समीक्षा बैठक में उत्तर प्रदेश विद्युत निगम लिमिटेड के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक सहित सभी डिस्कॉम के प्रबंध निदेशक और वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। बैठक में गर्मी के दौरान निर्बाध एवं गुणवत्तापूर्ण बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए समन्वित प्रयासों पर जोर दिया गया।
