गोरखपुर। माननीय रेल, सूचना एवं प्रसारण, इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री, भारत सरकार श्री अश्विनी वैष्णव ने 09 जनवरी, 2026 को इंडिया इंटरनेशनल कन्वेंशन एंड एक्सपो सेंटर (यशोभूमि), द्वारका, नई दिल्ली में आयोजित पुरस्कार वितरण समारोह में पूर्वोत्तर रेलवे के 03 कर्मचारियों सहित भारतीय रेल के कुल 100 समर्पित अधिकारियों एवं कर्मचारियों को भारतीय रेल में असाधारण योगदान के लिये प्रतिष्ठित 70वें अति विशिष्ट रेल सेवा पुरस्कार-2025 प्रदान कर सम्मानित किया।
अति विशिष्ट रेल सेवा पुरस्कार से सम्मानित पूर्वोत्तर रेलवे के यांत्रिक कारखाना, गोरखपुर में सीनियर सेक्शन इंजीनियर (सी एंड डब्ल्यू) के पद पर कार्यरत श्री दिलीप कुमार गौतम ने अपनी देखरेख में ई.पी.पी.एफ.एस. सिस्टम कंट्रोल पैनलों एवं पानी के सिलेंडरों के परीक्षण हेतु एक टेस्ट बेंच बनवाया। आपने न्यूनतम लागत पर खराब पानी के 1,200 से अधिक सिलेंडरों को कार्यशील बनाकर तथा 250 से अधिक खराब कंट्रोल पैनल की मरम्मत कराकर कुल लगभग रू. 4.39 करोड़ के रेल राजस्व की बचत की। श्री गौतम के प्रयासों ने कारखाने की विफलताओं को शून्य करने में सराहनीय योगदान दिया।
मुख्य यातायात निरीक्षक, मथुरा छावनी श्री भगवान सहाय मीना ने 14 नवम्बर, 2023 को ट्रेन संख्या 05348 से स्टेशन निरीक्षण हेतु जाते समय ब्लॉक खंड राया-सोनाई के मध्य असामान्य गंध महसूस की। श्री मीना ने सोनाई यार्ड में जाँच के दौरान चक्के में लगी आग देखकर तत्काल स्टेशन स्टाफ को सूचित कर अग्निशामक यंत्र की व्यवस्था की तथा स्टेशन अधीक्षक, ट्रेन मैनेजर एवं लोको पायलट के सहयोग से आग बुझाकर चक्का रिलीज कराया, जिससे एक बड़ी दुर्घटना को टाला जा सका।
सीवान कचहरी में ट्रैक मैंटेनर के पद पर कार्यरत श्री राजन कुमार यादव ने 29 दिसम्बर, 2024 को गश्त के दौरान कीमैन के रूप में कार्य करते हुये सतर्कता एवं सूझबूझ का प्रदर्शन किया। आपने किमी. संख्या 8/14-15 में ए.टी. वेल्ड में क्रैक देखकर तत्काल पटरी की सुरक्षा सुनिश्चित कर वरिष्ठ अधिकारियों को तुरन्त सूचित किया, जिससे समय पर कार्यवाही से सुरक्षित ट्रेन संचालन सम्भव हो सका।
श्री यादव की सतर्कता एवं सूझबूझ ने पटरी की सुरक्षा में किसी भी प्रकार की चूक को रोका तथा निर्बाध एवं सुरक्षित ट्रेन आवाजाही सुनिश्चित की।
